ज्योतिष वास्तु टिप्स

वास्तु टिप्स: खाना खाने व उससे जुड़े खास बातें जो कर देंगी आपको हैरान!

खाना खाने व उससे जुड़े खास बातें जो कर देंगी आपको हैरान

अपनी ज़िंदगी को जीने के लिए हम खाना ज़रूर से खाते हैं, लेकिन क्या कभी यह जानने की कोशिश की है कि खाने का सही नियम और वास्तु क्या है???

हमारे हिन्दू धर्म में यह कहा जाता है कि भोजन के समय सात्विकता के साथ-साथ मन में अच्छी भावना और घर का अच्छा वातावरण होना बहुत ज़रूरी होता है। जान लें कि जब हम भोजन करते हैं, तो हमें भोजन से पहले और भोजन के बाद बहुत-सी बातों का ध्यान रखना बेहद ज़रूरी होता है। याद रखें कि भोजन के सभी नियमों का पालन सही तरीके से किया जाए, तो व्यक्ति के जीवन में कभी भी… किसी भी प्रकार का रोग और शोक नहीं होता है।

आज वेद संसार आपको बताने जा रहा है कि शास्त्रों में भोजन करने से संबंधित क्या नियम होता है – 

• भूलकर भी भोजन करने के बाद थाली को किचन स्टैंड, पलंग या फिर टेबल के नीचे या ऊपर ना रखें। कहते हैं ऐसा करने वाले व्यक्ति के घर में आर्थिक संकट हमेशा बनी रहती है।

• भोजन के साथ-साथ आपको अपनी थाली को भी हमेशा चटाई या टेबल पर सम्मान के साथ रखना चाहिए, क्योंकि वास्तुशास्त्र में यह बात कही गई है कि जो व्यक्ति अपने खाने की थाली का सम्मान करता है, उस घर में मां अन्नपूर्णा का वास अवश्य से होता है।

• रात में गलती से भी खाने के बर्तन को कभी झूठा नही छोड़ना चाहिए। ऐसा करने से परिवार में कलह बढ़ जाती हैं और परेशानी की ज़िंदगी आप जीते हैं।

• वहीं, भोजन करने से पहले अपने इष्ट और मां अन्नपूर्णा का आहवन और धन्यवाद करना ना भूलें।

• यही नहीं, थाली में कभी भी जूठा भोजन नहीं छोड़ना चाहिए, क्योंकि इससे घर में होने वाला आर्थिक विकास रूक जाता है। जितना खाना है उसी हिसाब से अपने प्लेट में खाना परोसे।

• कभी भी अपनी थाली को एक हाथ से ना पकड़ें, क्योंकि ऐसा करने से खाना प्रेत योनि में चला जाता है और साथ ही इससे आपके अन्न का भी अपमान माना जाता है।

• रात में चावल, दही और सत्तू का सेवन करने से बचें, क्योंकि वेदों और शास्त्रों में कहा गया है कि ऐसा करने से मां लक्ष्मी का अपमान होता है। अगर आप अपने परिवार में समृद्धि की चाह रखते हैं, तो आपको इनका सेवन रात के भोजन में बिल्कुल भी नहीं करना चाहिए।

• भोजन करते वक्त इस बात का खास ध्यान रखें कि वार्तालाप या क्रोध ना करें। अगर संभव हो, तो एक निवाले को 32 बार चबा कर ही खाएंं।

• परिवार के सभी सदस्यों को कोशिश यही करनी चाहिए कि वह एक साथ और एक ही समय में खाना खाएंं। ऐसा करने से धन और सम्पदा की देवी मां लक्ष्मी बेहद प्रसन्न होती है। वहीं, हमारे वैदिक पुराण और शास्त्रों मे भी इस बात का साफ विवरण है कि मां लक्ष्मी का वास उसी घर में संभव है जहां परिवार में एकता होती है।

• गलती से भी भोजन करने के बाद थाली में ही हाथ ना धोएं। ऐसी मान्यता है कि थाली में हाथ धोने से घर में दरिद्रता का वास होता है।

• सुबह-सुबह बिना कुल्ला किए हुए पानी या चाय का सेवन ना करें। याद रखें कि जूठे हाथों से या पैरों से कभी गौ, ब्राह्मण तथा अग्नि का स्पर्श ना करें।

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