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छठ पर्व पर करें यह 5 काम, खुश हो जाएंगे सूर्य भगवान

जैसा कि हम सभी जानते हैं कि कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष के चतुर्थी से सप्तमी तक चलने वाले वह चार दिन को लोग छठ पर्व यानि कि मन्नतों का पर्व कहकर पुकारते हैं। ऐसी मान्यता है कि इन खास चार दिन जो भी लोग पूरी श्रद्धा और भक्ति के साथ पूजा और व्रत रखते हैं उनकी मन्नतें ज़रूर से पूरी होती है। बता दें कि यह पर्व बिहार और उत्तर प्रदेश के कई जिलों में काफी धूमधाम के साथ मनाया जाता है। यही नहीं, जहां कहीं भी इस राज्य के लोग रहते हैं वहां छठ पर्व के महत्व को देखा जा सकता है।

छठ पर्व का महत्व

छठ पर्व के महत्व का अंदाज़ा आप इसी बात से लगा सकते हैं कि इसमें की गई किसी भी गलती की कोई जगह नहीं होती है। यह पर्व ना सिर्फ शुद्धता और सफाई का होता है बल्कि तन और मन से भी इस पर्व में शुद्धता का ख्याल रखना बहुत ज़रूरी माना जाता है।

आज वेद संसार आपको छठ पूजा के दौरान ऐसे खास 5 काम बताने जा रहा है जिसे करने से आपकी मनोकामनाएं अवश्य पूरी होगी। 

छठ पर्व के 5 खास काम ज़रूर करें और सूर्य भगवान को प्रसन्न करें 

छठ पर्व के 5 खास काम ज़रूर करें और सूर्य भगवान को प्रसन्न करें 

• हमने आपको पहले भी बताया है कि छठ का महान पर्व एक या फिर दो दिन का नहीं होता है… यह पर्व चार दिनों तक चलता है। इस पावन छठ पर्व पर व्रती यानि कि जो व्रत रखती हैं उन्हें लगातार चार (4) दिन उपवास करना होता है।

• छठ का पर्व करना कोई आसान बात नहीं है, क्योंकि यह आम व्रत की तरह नहीं होता है। इस व्रत में व्रती को भोजन के साथ-साथ अपने बिस्तर पर सोने की इच्छा को भी त्यागना होता है।

• जो व्रती भी इस पर्व को करना चाहता हैं, उस व्रती को एक अलग कमरे में फर्श पर एक कंबल या चादर में सोना पड़ता है, क्योंकि यह एक परंपरा का हिस्सा है।

• यही नहीं, छठ पूजा में व्रती (जो व्रत रखते हैं) को बिना सिलाई किए हुए कपड़े ही पहनने चाहिए और त्योहार में शामिल होने वाले सभी मौजूद लोगों को नए कपड़े पहनने चाहिए।

• बताते चलें कि छठ पूजा के दौरान (पूरे 4 दिन) महिलाएं जो हैं उन्हें साड़ी और पुरुषों को धोती पहनकर पूजा करना चाहिए। अगर आपने छठ का महान व्रत शुरू कर दिया है, तो इस छठ पर्व को सालों साल तक अवश्य करें। याद रखें कि आपको यह पर्व तब तक करना अनिवार्य है जब तक कि आपके घर परिवार की अगली पीढ़ी की कोई विवाहित महिला इस खास छठ त्योहार को करना शुरू ना कर दें।

दोस्तों, यूं तो छठ का पर्व साल में दो बार मनाया जाता है लेकिन कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष के चतुर्थी में मनाने वाला यह पर्व काफी प्रसिद्ध माना जाता है। इन चार दिनों में सच्चे दिल से मांगी गई हर मनोकामनाएं पूरी हो सकती हैं।

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